• ऑनलाइन कौर्स : ए लाइफ ऑफ़ हैप्पीनेस एंड फुलफिल्मेंट

ग्राम सरानी के पंचायत सचिव और ग्राम रोजगार सहायक ने सुधारे संबंध स्वाधीनता दिवस पर ग्राम सभा में लिए अल्पविराम के बाद स्वीकारे मतभेद

प्रेषक का नाम :- मास्टर ट्रेनर एवं अतिरिक्त नोडल अधिकारी लखन लाल असाटी छतरपुर
स्‍थल :- Chhatarpur
18 Aug, 2019

छतरपुर। मंगल ग्राम सरानी में स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण कार्यक्रम के बाद आयोजित ग्राम सभा में मास्टर ट्रेनर आनंद लखनलाल असाटी ने तीन प्रश्नों पर अल्पविराम कराया। पहला सवाल था खुद की कोई आदत जिससे परिवार परेशान हो जाता है, और उसे आज छोडऩा चाहेंगे। दूसरा था सहकर्मियों और पड़ोसियों से बिगड़े किसी एक रिश्ते को इस माह ठीक करना चाहेंगे और तीसरा सवाल था कि अपने गांव के लिए कोई एक नेक काम जिसे इस साल करना चाहेंगे। इस पर 10 मिनट का शांत समय लेकर खुद से मुलाकात और अंतरात्मा की आवाज सुनने के बाद 5 लोगों ने अपने विचारों को साझा किया। पंचायत सचिव जानकीप्रसाद अहिरवार ने कहा कि उन्हें घर में गुस्सा बहुत आता है। घर में उनकी आज्ञा का पालन तुरंत नहीं हुआ तो वह बीवी बच्चों पर बहुत अधिक क्रोध करते हैं जिसे वह आज से त्याग करने का संकल्प लेते हैं। वहीं पंचायत सचिव ने सार्वजनिक रूप से कहा कि ग्राम रोजगार सहायक गौरीशंकर अहिरवार से उसके संबंध द्वेषपूर्ण होने से तनाव तो रहता ही है। पंचायत के कामकाज भी प्रभावित होते हैं। आज वह सार्वजनिक रूप से उनसे क्षमायाचना कर रहे हैं तो ग्राम सभा में बैठे रोजगार सहायक गौरी शंकर अहिरवार  खड़े हो गए फिर दोनों एक दूसरे से गले मिले और दोनों ने एक दूसरे से क्षमा याचना की। पंचायत सचिव ने कहा कि वह इस साल सरानी में पौधारोपण करेंगे और उनकी सुरक्षा भी करेंगे। मंगल ग्राम सहयोगी हीरालाल बरार ने कहा कि वह अपनी पत्नी माधुरी के साथ बुरा बर्ताव करते हैं जिसके लिए वह आज ही क्षमा याचना करेंगे। उपसरपंच कन्हैया लाल कुशवाहा ने कहा कि उन्होंने दूसरों से ईष्र्या के कारण अनेक लोगों से संबंध खराब कर लिए पर वह अब अल्पविराम से जुड़कर लोगों की आलोचना नहीं करते हैं। क्रोध नहीं करते हैं और संबंधों को भी सुधार रहे हैंयुवा करण बरार ने कहा कि आज उसने पहली बार अल्पविराम लिया है पर उसका अनुभव अत्यंत रोमांचकारी है। भाव विहल होकर उसने कहा कि पंचायत द्वारा दी गई बूंदी को हाथ में लेकर उसे अपने पिता याद आ रहे थे जो उसके लिए बचपन में बूंदी ले आते थे, उनमें वह अब भगवान देख रहा है। आज यह बूंदी वह अपने बच्चों के लिए घर ले जाएगा और वही प्यार देगा जो उसके पिता उसे दिया करते थे।प्रौढ़ गंगाधर यादव ने कहा कि वह नियमित रूप से अल्पविराम लेते हैं कोई भी कार्य करने, जवाब देने अथवा निर्णय लेने के पहले वह कुछ शांत समय जरूर लेते हैं, जिससे उनका आंतरिक आनंद बढ़ा है और उनके परिवार की खुशहाली भी आई है। ग्राम सभा में सरपंच कल्लो बाई बसोर, मंगल ग्राम सहयोगी प्रेम लाल कुशवाहा, हीरालाल कुशवाहा, अफसार खान, अंसार खान, शफीक मोहम्मद, आशादीन कुशवाहा, भूरे कुशवाहा, जागेश्वर रजक, हल्लू यादव आदि शामिल थे।      


फोटो :-